त्रिभुवन नाथ शर्मा की रिपोर्ट
प्रयागराज। उत्तर मध्य रेलवे, मुख्यालय के नेतृत्व में प्रयागराज मंडल के सभागार में राष्ट्रीय डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र (DLC) अभियान 4.0 के मेगा कैंप का हुआ आयोजन। पेंशनभोगियों द्वारा डिजिटल माध्यम से जीवन प्रमाण पत्र (Life Certificate) प्रस्तुत करने की प्रक्रिया में सुगमता, सहायता एवं तकनीकी सहयोग प्रदान करने के उद्देश्य से आज राष्ट्रीय डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र अभियान 4.0 के अंतर्गत उत्तर मध्य रेलवे, मुख्यालय के नेतृत्व में प्रयागराज मंडल कार्यालय के सभागार में एक विशेष मेगा कैंप का आयोजन किया गया। यह अभियान देशभर में सेवानिवृत्त रेल कर्मचारियों को डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र (DLC) प्राप्त करने की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु संचालित किया जा रहा है। मेगा कैम्प का शुभारम्भ मंडल रेल प्रबंधक/प्रयागराज श्री रजनीश अग्रवाल, डिपार्टमेंट ऑफ पेंशन एंड पेंशनर्स वेलफेयर के संयुक्त सचिव श्री ध्रुबज्योति सेन गुप्ता एवं अन्य अतिथियों द्वारा दीप जला कर किया गया।
इस अवसर पर मंडल रेल प्रबंधक/प्रयागराज रजनीश अग्रवाल, डिपार्टमेंट ऑफ पेंशन एंड पेंशनर्स वेलफेयर के संयुक्त सचिव ध्रुबज्योति सेन गुप्ता, प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी/उत्तर मध्य रेलवे मुदित चंद्रा, भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण निदेशक (UIDAI) आकाश दीप, सहायक मुख्य कार्मिक अधिकारी आशीष सचान, अपर मंडल रेल प्रबंधक/सामान्य दीपक कुमार, वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी वैभव गुप्ता सहित विभिन्न बैंकों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर मंडल रेल प्रबंधक रजनीश अग्रवाल ने सभी अतिथियों, अधिकारियों, मीडिया और उपस्थित पेंशनरों का स्वागत करते हुए रेलवे की पेंशनरों के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि प्रयागराज मंडल ने पिछले वर्षों में पेंशनरों के हित में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हासिल की हैं।
– 965 नई पेंशन स्वीकृतियाँ समय पर जारी की गईं, जिसमें सुपरएनुएशन, VRS और पारिवारिक पेंशन शामिल हैं।
– 1752 PPO संशोधन डिजिटल माध्यम से पूरे किए गए, जिससे प्रक्रिया पारदर्शी और तेज बनी।
– पेंशनरों और आश्रितों को 16,943 UMID मेडिकल कार्ड जारी किए गए।
– पेंशन अदालतों में आये 75 मामलों में 90% शिकायतों का निस्तारण उसी दिन किया गया।
– NPS से UPS में 423 आवेदन, जिनमें से 164 का परिवर्तन पूरा हो चुका है।
उन्होंने डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट 4.0 की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि अब पेंशनर आधार आधारित बायोमेट्रिक के माध्यम से घर बैठे अपना लाइफ सर्टिफिकेट बना सकते हैं और इसे बैंक में जमा करने की आवश्यकता नहीं है। यह सुविधा विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों एवं दिव्यांग पेंशनरों के लिए अत्यंत उपयोगी है।
इस अवसर पर अपने संबोधन में संयुक्त सचिव, पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग ध्रुबज्योति सेनगुप्ता ने बताया कि रेलवे के कुल पेंशनभोगी लगभग 16 लाख हैं। इस वर्ष रेलवे ने इस अभियान को बड़े उत्साह और जोर-शोर से संचालित किया है, और अब तक पांच लाख से अधिक पेंशनभोगियों के डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र सफलतापूर्वक जारी किए जा चुके हैं। उन्होंने पेंशनभोगियों की सुविधा हेतु दो राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी।
पेंशन संबंधी जानकारी के लिए 1800 110 009, बैंक द्वारा घर पर पेंशन राशि डिलीवरी (Door Cash) सेवा के लिए: 1800 111 103 इसी क्रम में प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी/उत्तर मध्य रेलवे मुदित चंद्रा ने कहा कि डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र सुविधा पेंशनरों के लिए सरल, तेज़ और पारदर्शी प्रक्रिया सुनिश्चित करती है। उनका उद्देश्य है कि हर पेंशनधारक बिना किसी कठिनाई और अतिरिक्त यात्रा के अपने जीवन प्रमाण पत्र को डिजिटल माध्यम से आसानी से प्राप्त कर सके।
अपर मंडल रेल प्रबंधक/प्रयागराज दीपक कुमार ने बताया कि पहले पेंशनरों को हर साल बैंक या कार्यालय जाकर जीवन प्रमाण पत्र जमा करना पड़ता था, जो बुजुर्गों के लिए कठिन प्रक्रिया थी। अब डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र (Jeevan Pramaan) सुविधा के माध्यम से यह प्रक्रिया घर बैठे पूरी की जा सकती है।
इस मेगा कैंप में रेलवे, पोस्ट ऑफिस, आधार और प्रमुख बैंकों के स्टॉल लगाए गए थे, जहाँ पेंशनरों के डिजिटल जीवन प्रमाण (DLC) बनाए गए। इसके अतिरिक्त, एचआरएमएस (HRMS), UMID, आधार और चिकित्सा बूथ भी स्थापित किए गए। इस अवसर पर मंडल चिकित्सालय द्वारा मुफ्त हेल्थ चेकअप कैंप का आयोजन भी किया गया, जिससे उपस्थित पेंशनरों को स्वास्थ्य संबंधी लाभ प्राप्त हुए। इस अवसर पर नुक्कड़ नाटक के माध्यम से डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र, साइबर फ्राड सहित अन्य विषयों पर जागरुक किया गया।
यह डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र अभियान प्रयागराज मंडल में दिनांक 14.11.2025 से विभिन्न स्टेशनों और कार्यालयों में चल रहा है और आने वाले दिनों में और अधिक पेंशनभोगियों को लाभान्वित करेगा।










