धर्मेंद्र प्रजापति की रिपोर्ट
चंदौली। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के नेतृत्व में हजारों महिलाओं पुरुषों, नौजवानों ने मेघाबाबा हॉस्पिटल पांडेयपुर के डॉ रीमा व संजय कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेजने की मांग को लेकर पांडेयपुर बाजार से बबुरी थाना प्रतिरोध मार्च निकला गया। प्रतिरोध मार्च की जैसे ही शुरुआत हुई तो बबुरी थानाध्यक्ष पुलिस फोर्स के साथ प्रतिरोध मार्च को रोकने का पूरा प्रयास किया की।
मार्च सड़क पे न जाने पाए, लेकिन कार्यकर्ताओं ने प्रतिरोध करते हुए पुलिस को पीछे धकेलते हुए लगभग 700मीटर मुख्य सड़क पे मार्च करते हुए बबुरी थाना के लिए कुच करने लगे तभी क्षेत्राधिकारी मुगलसराय महोदय कृष्ण मुरारी शर्मा आ गए उनके समझाने पर मुख्य सड़क के किनारे प्रतिरोध मार्च जनसभा में बदल गया।
जन सभा को संबोधित करते हुए CPIM के राज्य कमेटी सदस्य कामरेड गुलाब चन्द ने कहा कि निशा बियार की मौत के घटना के दिन से ही बबुरी पुलिस की रवैया संदिग्ध रही है जिसका परिणाम रहा है कि मृतक निशा बियार के मौत के आरोपी मेद्याबाबा हॉस्पिटल पांडेयपुर के डॉ रीमा व संजय कुमार की तत्काल गिरफ्तारी नहीं हुई तो आगे और बड़ा आंदोलन होगा।
सभा को संबोधित करते हुए CPIM जिला सचिव कामरेड शम्भुनाथ ने कहा कि आज लोकतन्त्र में भी पुलिस आंदोलन प्रदर्शन करने,अपनी बात को कहने से रोक रही है यह पीड़ित परिवार के साथ अन्याय है।
अंत में क्षेत्राधिकारी मुगलसराय महोदय कृष्ण मुरारी शर्मा ने जनता को संबोधित करते हुए बताया कि हम पुलिस प्रशाशन के लोग एक महीने के अन्दर हत्या के आरोपी मेद्याबाबा हॉस्पिटल पांडेयपुर के डॉ रीमा व संजय कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया जाएगा। और हम अभी मृतका निशा बियार के घर जाएंगे।
प्रतिरोध मार्च का नेतृत्व प्रमुख रूप से कामरेड मिठाई लाल, लालमनि विश्वकर्मा, महानंद राजभर, रामप्यारे यादव, जयप्रकाश विश्वकर्मा, श्यामप्यारी देवी, शकुंतला देवी, रामाश्रय बियार, बिजई मौर्य , सतीश चन्द्र ने किया।










