पुलों – सड़कों को बनाने के लिए मुख्य अभियंता ने 25 तक मांगी मोहल्ला मेला।

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अधिकारी की सख्ती के बाद पीडब्ल्यूडी अफसरो में मची खलबली, प्रमुख सचिव ने भी लगाई फटकार

प्रयागराज। महाकुंभ की बसावट बिछड़ने को लेकर मेला अधिकारी की सख्ती से लोक निर्माण विभाग पीडब्ल्यूडी में खलबली मच गई है। मुख्य अभियंता ने प्लाटून पुलों और चकर्ड प्लेट वाली सड़कों को बनाने के लिए 25 दिसंबर तक मोहलत मांगी है। मेला अधिकारी ने 20 दिसंबर तक काम करने या फिर कार्रवाई के लिए तैयार रहने की चेतावनी दे रखी है।

 

सूत्रों के मुताबिक पीडब्ल्यूडी के प्रमुख सचिव अजय चौहान ने फोन करके मुख्य अभियंता एक के द्विवेदी को कड़ी फटकार लगाई है। समय से काम पूरा न होने पर सुस्त और लापरवाह अफसरो  के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी। चौतरफा सख्ती के बाद बृहस्पतिवार को मुख्य अभियंता ने मेला क्षेत्र के कई मार्गो और पुलों की हकीकत देखी।

मेला बसावट कार्य पिछड़ा

काम इतना पिछड़ा है कि यह 20 दिसंबर तक पूरा नहीं होने वाला। इससे अभियंताओं पर कार्रवाई की तलवार भी लटक रही है। स्थिति विकट देख मुख्य अभियंता ने मेला अधिकारी से 25 दिसंबर तक का वक्त मांगा है। वही मुख्य अभियंता ने बताया कि मैन पावर बढ़ाकर काम करा रहे हैं।  5 दिन में पुलों- सड़कों का निर्माण पूरा हो जाएगा।

महाकुंभ का प्रथम स्नान पर्व में सिर्फ 24 दिन शेष हैं देश दुनिया से संत – भक्त साजो समान के साथ पहुंचने लगे हैं। भूमि आवंटन के बाद सेक्टरो  में बसावट के लिए सुविधा पर्चियां भी जारी होने लगी है। लेकिन हाल यह है कि अभी तक चकर्ड प्लेट वाली मुख्य सड़के ही नहीं बन सकी है। बताते हैं कि ठेकेदार के बीच में ही काम छोड़ देने से मुख्य मार्गों के निर्माण को लेकर मुश्किल आई हैं। सड़क नहीं बन पानी से सामान ले जाने में तो दिक्कतें हो रही है। सामान्य आवाजाही भी प्रभावित हो रही है। जमीन पर काम नहीं होने के बावजूद अधिकारी सिर्फ लंबे चौड़े दावे करते रहते हैं।

बृहस्पतिवार शाम तक 10 किलोमीटर के संगम लोअर मार्क में से सिर्फ आधे का ही निर्माण हो सका था। अक्षयवट से होकर मेला क्षेत्र के सेक्टर 18 के आगे जाने के लिए अभी तक रास्ता नहीं बना बना है। पायलट बाबा के शिविर के पास तक ही देर शाम तक चकर्ड प्लेट बिछाने का काम होता रहा।

जेई बोले मेला प्रशासन से नहीं मिला पूरा एलाइनमेंट

जेई राजकुमार का कहना है कि मेला क्षेत्र में मेला प्रशासन  ने अभी तक संगम लोअर मार्ग का पूरा एलाइनमेंट नहीं दिया है। इससे यही साफ नहीं है कि यह सड़क कितनी दूर तक बनाई जानी है। हालांकि हेतापट्टी कुटी रोड से 600 मीटर आगे तक यह सड़क कुल 10 किलोमीटर बनाई जानी है। इस मुख्य मार्ग से सेक्टर 17, 16, 15, 14, 13, 12, 11 में प्रवेश करने के लिए सड़क ना बन पानी से संतो- भक्तों के वाहन रेती में धंस जा रहे हैं। टेंट प्रदाता कंपनियों के वाहन भी समान नहीं पहुंचा पा रहे हैं। 30 में से सिर्फ पांच प्लाटून पुल ही आवागमन के लिए दिए जा सके हैं। इनमें भी ज्यादातर पुलों की रेलिंग पोस्ट नहीं लगी है। ओल्ड जीटी प्लाटून पुल पर कुछ जगह रेलिंग पोस्ट टूट भी गई है। मेला बसावट बिछड़ने और मेले में संतो – भक्तों की लगातार हलचल तेज होने से पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के हाथ पाव फूलने लगे है।

AT Samachar
Author: AT Samachar

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