कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
त्रिभुवन नाथ शर्मा की रिपोर्ट
प्रयागराज। पिता का आरोप बेटे के हत्यारोपियों को तलाश नहीं रही पुलिस। हंडिया थाना क्षेत्र के महुआतर दुमदुमा निवासी लालता प्रसाद यादव का आरोप है कि उसके इकलौते बेटे की हत्या कर शव को रेलवे ट्रैक पर डाल दिया गया था जिससे की हत्या आत्महत्या प्रतीत हो इस मामले में पुलिस के ढुलमुल रवैया को देखते हुए वह कोर्ट की शरण में गया जहां कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने मुकदमा तो दर्ज कर लिया लेकिन विवेचना के नाम पर वह हाथ पर हाथ धरे बैठी हुई है, जबकि आभागा पिता अपने बेटे के हत्यारोपी की खोज और उन्हें सजा दिलाने के लिए पुलिस अफसर के चौखट पर हर दिन अर्जी लगा रहा है।
पीड़ित लालता प्रसाद यादव का कहना था का कि उसका बेटा शिवकुटी थाना क्षेत्र के तेलियरगंज स्थित पॉलिटेक्निक कॉलेज के हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहा था वह यहां के कमरा नंबर 17 में रहा करता था। 26 नवंबर 2025 को उसे सूचना दी गई की उसके बेटे ने आत्महत्या कर ली है और शव जगतपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास पड़ा है। बेटे का शव देखते ही उसे शक हुआ कि उसके बेटे ने आत्महत्या नहीं की है उसकी हत्या हुई है इसके बाद लगातार वह पुलिस अफसर और अन्य को बेटे की हत्या की खबर देता रहा और हत्यारे की गिरफ्तारी की मांग करता रहा लेकिन उसकी किसी ने नहीं सुनी तो वह न्यायालय की शरण में गया।
पीड़ित पिता ने बताया कि न्यायालय के आदेश होने के बाद भी पुलिस ने करीब दो हफ्ते बाद मुकदमा दर्ज किया लेकिन हत्यारे की खोज करने के लिए अब तक उसने कोई कदम नहीं उठाया जबकि पिता का आरोप है कि उसके बेटे की हत्या कहीं और करके शव को रेलवे ट्रैक पर डाला गया था।
अपने इकलौते बेटे को खो देने के बाद पिता और मां बिल्कुल विक्षिप्त से हो गए हैं और वह आज भी आशा करते हैं कि उनका बेटा भले ही इस दुनिया में न हो लेकिन वहां हत्यारे को सजा दिलाने तक न्याय की लड़ाई लड़ते रहेंगे।










