आरा, भोजपुर, बिहार। विश्व फेफड़े का कैंसर दिवस ( World Lung Cancer Day) पर देव वृक्ष पाकड़, औषधीय वृक्ष सहोरा तथा छतवन के 5 पौधे लगाए गए। पौधारोपण का नेतृत्व पर्यावरण प्रहरी मनमोहन चौबे ने किया। पर्यावरण संरक्षण गतिविधि के प्रांत संयोजक राम बिलास शाण्डिल्य ने कहा कि पर्यावरण संतुलन हेतु वृक्षारोपण अभियान 2008 से लगातार चलाया जा रहा है। अभी तक 1,24,913(एक लाख चौबीस हजार नौ सौ तेरह) पेड़ लगाए गए हैं। भविष्य में 5 लाख वृक्ष लगाने का लक्ष्य है। भारत के नागरिकों से आह्वान है कि अपने बच्चों के भविष्य हेतु कम से कम 10 पेड़ लगायें और 5 वर्षों तक सुरक्षित करें। दुनिया में प्रत्येक मानव पर 422 पेड़ होना अनिवार्य है। परन्तु भारत में एक मनुष्य पर केवल 28 पेड़ ही बचा है। परिणामस्वरूप बारिश कम हो रही है। सुखाड़ की स्थिति बन रही है। किसान वर्षा के लिए आकाश की ओर टकटकी लगाये हुए है। अतः वृक्षारोपण अभियान आवश्यक कदम है।
राम बिलास शाण्डिल्य ने बताया –” 1 अगस्त 2012 ई में पहली बार अन्तर्राष्ट्रीय श्वसन सोसायटी द्वारा विश्व फेफड़े का कैंसर दिवस मनाया गया “। इसका उद्देश्य है कि संसार के मानव को फेफड़ों के कैंसर के खतरे, इसके लक्षणों और समय पर पहचान के प्रति जागरूक करना है।
फेफड़े के कैंसर का प्रमुख कारण है–” धूम्रपान ( Smoking), दूसरों के छोड़े धुएँ के संपर्क में आना, रेडाॅन गैस एवं वायु प्रदूषण है “। 2026 का थीम है–“यूनाइटेड बाय यूनिक ( United By Unique) जो रोगी केंद्रित, व्यक्तिगत देखभाल पर जोर देती है “। कैंसर से बचाव हेतु–” तंबाकू, धूम्रपान ( Smoking) से दूर रहें। खराब हवा तथा प्रदूषण से फेफड़ों को बचायें, प्रकृति बीच योग एवं प्राणायाम करें। ताजे फल यथा सब्जियाँ खायें। लगातार खाँसी से कष्ट होने पर डॉक्टर से जाँच करायें।
World Lung Cancer Day पर पौधारोपण महत्वपूर्ण कार्य है। पौधारोपण कार्यक्रम में मनमोहन चौबे, सोनू सिंह, अधिवक्ता नरेंद्र प्रसाद सिंह, मनोज कुमार शर्मा, राम बिलास शाण्डिल्य, राहुल पाण्डेय, रवि कुमार सिंह, गोपाल इत्यादि ने भाग लिए।









