लोहिया जी की जयंती पर सपा जनों ने गोष्ठी कर उनके विचारों पर चलने का लिया संकल्प
त्रिभुवन नाथ शर्मा की रिपोर्ट
प्रयागराज। डॉ लोहिया जी मौलिक समाजवादी चिंतक थे -डॉ मानसिंह। डॉ राम मनोहर लोहिया एक मौलिक समाजवादी चिंतक थे। जिनकी विचारधारा का मूल केंद्र था कि सम्मान, संपत्ति, सामाजिक न्याय मे सबको बराबरी का हक़ मिले। वर्तमान मे लोकतान्त्रिक मूल्यों को बचाने और संविधान की रक्षा के लिए समाजवादी पार्टी के मुखिया मा अखिलेश यादव के नेतृत्व मे पूरी पार्टी के लोग कृत संकल्प हैं। उक्त बातें समाजवादी पार्टी के एमएलसी डॉ मानसिंह यादव ने आज़ लोहिया जयंती के अवसर पर पार्टी कार्यालय मे आयोजित गोष्ठी मे कहीं। उन्होंने कहा कि आज़ हर युवा को उनके विचारों को जानने के लिए साहित्य का अध्ययन करना चाहिए।
सपा महानगर अध्यक्ष सैयद इफ़्तेख़ार हुसैन ने कहा कि डॉ लोहिया ने हमेशा ही सांप्रदायिक राजनीति को देश की एकता, अखंडता और आपसी भाईचारे के खिलाफ बताया।
जिलाध्यक्ष गंगापार अनिल यादव, यमुनापार अध्यक्ष पप्पूलाल निषाद ने कहा कि डॉ लोहिया ने सर्व प्रथम “पिछड़े पावे सौ मे साठ का नारा देकर समाज के शोषित वंचित और आधी आबादी के लिए सामाजिक न्याय की आवाज बुलंद की थी।
प्रवक्ता दान बहादुर मधुर ने कहा कि डॉ लोहिया जी ने पूंजीवाद को भारत जैसे देश के लिए अहितकर बताया था. उनका मानना था कि समाजवाद के राश्ते पर चलकर ही देश की आम जनता को रोटी, कपड़ा और मकान के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य की बेहतरी के लिए काम किया जा सकता है।
गोष्ठी को अन्य लोंगो मे प्रमुख रूप से विधायक संदीप पटेल, पूर्व विधायक मुजतबा सिद्दीकी, संदीप यादव, रविन्द्रयादव एडवोकेट, दूध नाथ पटेल, मेजर दिनेश यादव, शिक्षक नेता शिव ओम पटेल, महेन्द्र निषाद, महबूब उस्मानी, डॉ राजेश, राम सुमेर पाल, संगम लाल मौर्य, आर एन यादव, रविन्द्र यादव, अनुराधा अम्बेडकर,पूर्व प्रमुख संदीप यादव,महेन्द्र सरोज, शशांक त्रिपाठी, मो शारिक, रमाकांत पटेल, गीता भारती, मृत्युंजय पाण्डेय, माशाहद, राम अवध पाल, संगीता पटेल, संतोष यादव, रेहान अहमद, कुलदीप यादव, नीरज पासी, राजेश सोनकर, जितेंद्र कुमार, नाटे चौधरी, देवीलाल यादव, संजू यादव, अजय सिंह पटेल, आसुतोष तिवारी, पंकज पटेल, त्रिभुवन यादव, रूप नाथ एडवोकेट आदि ने भी सम्बोधित किया।










