राम नरेश यादव महान कर्मयोगी जनप्रिय नेता थे, भारतीय राजनीति में उनका एक विशिष्ट स्थान है… अंकित यादव
प्रयागराज। सामाजिक न्याय की बुलंद आवाज़ रहे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, मध्य प्रदेश/छत्तीसगढ़ के पूर्व राज्यपाल एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री राम नरेश यादव की 97वें जयंती के अवसर पर स्वर्गीय राम नरेश यादव स्मारक सेवा संस्थान द्वारा राम नरेश यादव एवं उनके व्यक्तित्व विषय गोष्ठी का आयोजन किया गया।
स्वर्गीय राम नरेश यादव स्मारक सेवा संस्थान के महामंत्री हीरा लाल यादव ने कहा कि राम नरेश यादव व्यक्ति नही व्यक्तित्व थे उनका पूरा जीवन सादगी एवं उच्च विचार से ओतप्रोत था । बाबू जी समाजवादी चिंतक डॉ राम मनोहर लोहिया के विचारधारा के समर्थक थे, यही कारण रहा कि वो किसानों,गरीबों एवं असहायों के लिए जीवन भर संघर्ष करते रहे और देश-प्रदेश के सर्वोच्च पदों पर रहने के बावजूद वो हमेशा उन लोगो के लिए सदैव सहज उपलब्ध रहते थे।
पंकज जायसवाल ने राम नरेश यादव के जीवन और उनके द्वारा गरीबों-असहायों के लिए किये गये संघर्षों के बारे में लोगो को बताया। कांग्रेस सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष अंकित सिंह यादव ने कहा कि राम नरेश यादव महान कर्म योगी जनप्रिय नेता थे, भारतीय राजनीति में उनका एक विशिष्ट स्थान है। मुख्यमंत्री के रूप में जो छाप उन्होंने छोड़ी उससे उनका गृह जनपद ही नही अपितु प्रदेश और देश भी गौरवान्वित महसूस करता है। बाबू जी का कृतित्व एवं व्यक्तित्व का जनता पर गहरा प्रभाव पड़ा कि समाज का हर वर्ग बच्चा, नौजवान,बूढ़े सब बड़े सम्मान के साथ बाबू जी बोलने लगे। राष्ट्रीय चरित्र एवं मूल्यों की राजनीति करने वाले सच्चाई और ईमानदारी के रास्ते से कभी हटे नही।किसानो,दलितों,पिछडें ,अल्पसंख्यको और गरीबों के दुःख में हमेशा बहुत करीब से शामिल रहें। वरिष्ठ अधिवक्ता कुंवर शेखर कुमार ने कहा कि राम नरेश यादव सच्चाई, सादगी और ईमानदारी के प्रतीक रहे है। वो अधिवक्ता, शिक्षक और नेता जिस रूप में भी रहे उसे कुशलता और ईमानदारी के साथ उसका निर्वाहन किया।गोष्ठी के साथ ही श्री वृंदा प्रसाद हिन्दू महिला बाल आश्रम में अनाथ बच्चों को भोजन-फल आदि का वितरण एवं पौधरोपण भी किया गया।
इस अवसर पर पीयूष शुक्ला, अमिता शुक्ला, सरिता यादव, आनन्द मोहन, भरत भूषण, सुरेन्द्र जायसवाल, नीलू अग्रवाल, आदि लोग उपस्थित रहें।










