वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने पर निकली भव्य तिरंगा यात्रा
त्रिभुवन नाथ शर्मा की रिपोर्ट
प्रयागराज। व्यापारियों ने पूरे जोश से मनाया आजादी का जश्न। शहर पश्चिम व्यापारी महासंघ, सुलेम सरांय व्यापार मण्डल व नमस्ते भारत परिवार के संयुक्त तत्वाधान में विगत 27 वर्षों के भांति इस वर्ष भी स्वतंत्रता दिवस की 80 वीं वर्षगांठ बड़े ही धूमधाम व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। ध्वाजारोहण मुख्य अतिथि पूर्व मंत्री, शहर पश्चिमी के विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह द्वारा किया गया।
राष्ट्रगीतो से ओत प्रोत इस कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रुप में शहर के जाने माने समाजसेवी,क्षेत्रीय पार्षदगण, अधिवक्तागण, डाक्टर्स, व्यापारी नेताओं समेत व्यापारियों ने पूरे जोश और उत्साह के साथ भाग लिया,कार्यक्रम में उपस्थित लोगों के बीच पूर्व मंत्री, विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह ने ८० वें स्वंतत्रता दिवस की बधाई देते हुए कहा कि लाखों लोगों की कुर्बानी के बाद स्वतंत्रता मिली, आज का दिन स्वाभिमान और सम्मान का दिन है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब भी कोई संकल्प लिया, उसे पूरा किया है। आज लाल किले की प्राचीर से ‘सप्तधारा’ का उनका आह्वान विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में एक नया संकल्प है। वहीं व्यापार मंडल अध्यक्ष नरेंद्र खेरा ने छात्र-छात्राओं और उपस्थित जनसमूह को देश की आजादी के संघर्ष से जुड़ी एक मार्मिक याद करते हुए बताया कि 14 अगस्त 1947 को लाहौर से अमृतसर आने वाली एक ट्रेन लाशों से भरी हुई, अमृतसर स्टेशन पहुंची थी। स्टेशन मास्टर छेनी सिंह ने जब देखा कि ट्रेन में कोई हलचल नहीं है तो अंदर जाकर देखा कि वह शवों से भरी थी। छेनी सिंह के “अमृतसर आ गया है” यह कहने पर ट्रेन में कुछ जिंदा लोग हिलने लगे। बच्चे अपनी मां को ढूंढ रहे थे। नरेंद्र खेड़ा ने कहा कि हमें इसी तरह की कुर्बानियों के बाद आजादी मिली है। हमें उन वीर सपूतों और स्वतंत्रता सेनानियों को कृतज्ञता के पुष्प चढ़ाने चाहिए जिनके अथक प्रयासों से आज हम स्वतंत्र हैं। उन्होंने कहा कि नमस्ते भारत परिवार इसी उद्देश्य से राष्ट्रीय पर्व मनाने के लिए लोगों को जागरूक करता है ताकि नई पीढ़ी जान सके कि हमने आजादी कैसे प्राप्त की और उसकी कीमत क्या है।
‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे होने पर एक भव्य तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया
तिरंगा यात्रा में डीजे , पाइप बैंड , घोड़ा व बड़ी संख्या में व्यापारी, क्षेत्रीय नागरिक, भारत माता की जय, जय हिंद, वंदेमातरम के जयकारों के साथ सुलेम सरायं से उठकर जयंतीपुर, प्रीतमनगर होते हुए मुख्यालय पहुंच कर समाप्त हुई।
कार्यक्रम में मुख्य रुप से नरेंद्र खेरा, मान्टू, प्रदीप केसरवानी, धनजंय सिंह, अतुल केसरवानी,पीयूष जायसवाल, गुलशन अरोरा, अंकुर रस्तोगी, सुनील केसरवानी, वीरेंद्र केसरवानी, मुकेश टोटल, सोनू साहू, राजीव कपूर, मंजीत कुशवाहा, सोनू गुप्ता, नीलू मिश्रा, फय्याज अहमद, सागर ग्रोवर, निरंकार साहू, पीयूष केसरवानी, राकेश केसरवानी, अक्षय सिंह आदि उपस्थित रहे।










