खाद्य सुरक्षा प्रशासन की कार्रवाई जोमेटो एवं डेयरियों, कैंटीन सहित विभिन्न प्रतिष्ठानों से खाद्य नमूने लिए गए

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

ATSरिपोर्टर देवेन्द्र कुमार जैन भोपाल मध्यप्रदेश  

खाद्य सुरक्षा प्रशासन द्वारा जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता एवं उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विशेष सघन निरीक्षण एवं नमूना अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान विभिन्न डेयरी प्रतिष्ठानों, खाद्य व्यवसाय संचालकों, संस्थागत कैंटीन तथा खाद्य भंडारण इकाइयों का निरीक्षण कर कुल 20 खाद्य नमूने राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए। डेयरी प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूने अभियान के दौरान राधा कृष्णा डेयरी, सीटीओ बैरागढ़ दूध श्री कृष्णा डेयरी, दाता कॉलोनी – दूध,सौरभ पॉइंट, बैरागढ़ – दूध,गुरवानी किराना एंड प्रोटीन, बैरागढ़ दूध महादेव गंगे दूध डेयरी, वन ट्री हिल्स – पनीर, मिक्स मिल्क एवं दही,बॉम्बे दूध डेयरी, ईटखेड़ी – दूध एवं घी।पीपुल्स डेंटल हॉस्पिटल परिसर स्थित श्रीजी एंटरप्राइजेज द्वारा संचालित कैंटीन मेस के संबंध में प्राप्त उपभोक्ता शिकायत पर खाद्य सुरक्षा प्रशासन द्वारा तत्काल निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान घी के दो वैधानिक नमूने तथा बेसन, नमक एवं इमली के नमूने लेकर राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए। विशेष अभियान के अंतर्गत जोमेटो हाइपर प्यौर प्राइवेट लिमिटेड भोपाल CPC का भी विस्तृत निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान दो वैधानिक नमूने एवं तीन सर्विलांस नमूने लिए गए, जिनमें अमूल गोल्ड मिल्क, अमूल ताज़ा मिल्क एवं अमूल पनीर शामिल हैं। सभी नमूनों को परीक्षण हेतु राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। निरीक्षण के दौरान उपलब्ध अभिलेखों के परीक्षण में यह जानकारी प्राप्त हुई कि जोमेटो हाइपर प्यौर प्राइवेट लिमिटेड द्वारा विभिन्न संस्थागत ग्राहकों एवं ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म, जिनमें Blinkit भी शामिल है, को खाद्य सामग्री की आपूर्ति की जाती है। साथ ही, नियर एक्सपायरी, नियर यूज बाय डेट एवं नियर बेस्ट बिफोर डेट श्रेणी के खाद्य उत्पादों को वापस प्राप्त कर उनके पृथक्करण एवं डीकंपोज़ अथवा वैज्ञानिक निस्तारण की प्रक्रिया अपनाई जाती है। इस संबंध में फर्म द्वारा मोनू ट्रेडर्स एवं हज़र्गो इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड से संबंधित एमओयू वेस्ट सर्टिफिकेट एवं अन्य दस्तावेज प्रस्तुत किए गए, जिनके परीक्षण में खाद्य अपशिष्ट के संग्रहण एवं हस्तांतरण संबंधी रिकॉर्ड प्राप्त हुए। तथापि, निरीक्षण के समय खाद्य अपशिष्ट के अंतिम वैज्ञानिक निस्तारण का प्रमाण-पत्र, अंतिम प्रोसेसिंग एजेंसी द्वारा जारी प्रमाण-पत्र तथा अंतिम निस्तारण से संबंधित अन्य आवश्यक अभिलेख उपलब्ध नहीं पाए गए। साथ ही, अंतिम डीकंपोज़िशन प्रक्रिया का दस्तावेजी सत्यापन निरीक्षण के समय संभव नहीं हो सका। इस संबंध में आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत करने हेतु संबंधित खाद्य व्यवसाय संचालक को निर्देशित किया गया है तथा विभाग द्वारा विस्तृत जांच की जा रही है। अभियान के दौरान लिए गए सभी 20 खाद्य नमूनों को राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। प्रयोगशाला से प्राप्त विश्लेषण प्रतिवेदन के आधार पर यदि कोई नमूना असुरक्षित, अमानक , मिथ्या छाप अथवा खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 एवं उसके अधीन बनाए गए नियमों एवं विनियमों के प्रावधानों के विपरीत पाया जाता है अथवा अभिलेखों की जांच में किसी प्रकार की अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित खाद्य व्यवसाय संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण एवं नमूना कार्रवाई मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी एवं अन्य अधिकारियों के नेतृत्व में की गई। खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, मिलावट, स्वच्छता अथवा खाद्य सुरक्षा से संबंधित किसी भी शिकायत की सूचना विभाग को उपलब्ध कराएं, ताकि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा हेतु त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

Leave a Comment

और पढ़ें

Buzz4 Ai