शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, दोषियों पर कार्रवाई और मृत छात्रों को मुआवजे की मांग
धर्मेंद्र प्रजापति की रिपोर्ट
चंदौली। पेपर लीक के विरोध में छात्रों का उग्र प्रदर्शन, प्रधानमंत्री के नाम का पत्रक एसडीएम को सौंपा। लगातार हो रहे पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ चंदौली के छात्रों ने शुक्रवार को जोरदार प्रदर्शन किया। छात्र नेता अंकित यादव के नेतृत्व में सैकड़ों की संख्या में युवा अलीनगर के सकलडीहा मोड़ पर एकत्र हुए और जुलूस निकालकर चकिया चौराहे तक पहुंचकर एसडीएम राजीव मोहन सक्सेना को सौंपकर धरना प्रदर्शन समाप्त किया। इस दौरान भारी संख्या में सीओ अरुण कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस बल मौजूद रही।

प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री के संबोधित ज्ञापन सक्षम अधिकारी को सौंपकर अपनी मांगें रखीं। यह प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे धरना-प्रदर्शन के समर्थन में किया गय। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कई दिनों से पेपर लीक का मामला लगातार सामने आ रहा है। जिससे लाखों छात्रों का भविष्य खतरे में है। इसी को लेकर इन्होंने तीन सूत्रीय मांग पत्र सौंपा।शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, लगातार हो रहे पेपर लीक पर जवाबदेही तय की जाए और इसमें शामिल दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो, NEET पेपर लीक के कारण जान गंवाने वाले छात्रों के परिजनों को उचित मुआवजा सरकार दे।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पेपर लीक के कारण मेहनती छात्रों के साथ अन्याय हो रहा है। सरकार को तत्काल सख्त कदम उठाकर दोषियों को कड़ी सजा देनी चाहिए और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता लानी चाहिए।
छात्र नेता अंकित यादव ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। वही किसी भी छात्र नौजवान पर मुकदमा हुआ तो एक बार फिर सड़क पर हम लोग आने का काम करेंगे।









