एसडीएम मेजा के शांति व्यवस्था बनाये रखने हेतु निर्माण कार्य रोकने के शख्त निर्देश के बाद भी नहीं रुक रहा अवैध निर्माण
त्रिभुवन नाथ शर्मा की रिपोर्ट
प्रयागराज। दरोगा का पति कर रहा अवैध निर्माण, मूकदर्शक बनी खाकी। जनपद की मेजा थाना क्षेत्र के बेदौली गांव में एक दरोगा का पति एसडीएम के शख्त निर्देश के बावजूद भी धड़ल्ले से अवैध निर्माण कर रहा है जबकि डीएम के कहने पर एडीएम ने उक्त प्रकरण को प्राथमिकता से देखने के लिए एसडीएम को आदेश भी कर रखा है उसके बावजूद दरोगा का पति प्रशासन पर भारी पड़ता नजर आ रहा है यही कारण है कि नायब तहसीलदार के जाने के बावजूद भी उक्त दरोगा के पति ने निर्माण कार्य नहीं रोका।
पीड़ित ने बताया कि बेदौली गांव निवासी बालकृष्ण की पत्नी मिर्जापुर में दरोगा के पद पर तैनात है और दरोगा का पति बालकृष्ण गांव में उसके नाम पर सरेआम दबंगई किया करता है। पत्नी दरोगा होने के चलते थाने की पुलिस भी इस दबंग का साथ दिया करती है। इसकी दबंगई का आलम यह है कि इसने कुछ तहसील कर्मियों की मिली भगत से अपने ही एक रिश्तेदार का नाम जमीन की खतौनी से गायब करा दिया और अब इस जमीन पर वह अवैध निर्माण कर रहा है, जबकि पूरा मामला एसडीएम की कोर्ट में लंबित है और लगातार इस पर तारीख भी लग रही है।
अवैध निर्माण की शिकायत पर डीएम ने एडीएम को निर्देशित किया जिस पर एडीएम ने एसडीएम को प्रकरण को गंभीरता से लेने का आदेश दिया उसके बावजूद दबंग धड़ल्ले से विवादित जमीन पर कब्जा करने की नीयत से अवैध निर्माण कर रहा है इसकी शिकायत जब पीड़ित ने की तो एसडीएम ने न केवल एक आदेश जारी किया बल्कि नायब तहसीलदार नंदलाल को मौके पर भेज कर अवैध निर्माण रोकने के लिए आदेशित किया। बताया जाता है कि मौके पर तहसीलदार नंदलाल पहुंचे उनके साथ सिरसा चौकी के पुलिसकर्मी भी साथ थे। पुलिस की मौजूदगी में नायब तहसीलदार ने निर्माण कार्य को रोकने का फरमान जारी किया कुछ देर तो निर्माण का रुका रहा लेकिन उनके जाते ही र्निर्माण शुरू हो गया।
पीड़ित भोलानाथ तिवारी ने आरोप लगाते हुए बताया कि स्थानीय पुलिस की मिली भगत से ही उक्त निर्माण कार्य हो रहा है जबकि डीएम से लेकर अन्य अधिकारियों ने अवैध निर्माण को रोकने का आदेश दिया है उसके बावजूद दबंग यहां अवैध निर्माण कर रहा है। पीड़ित ने जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है।









